ढोलक पर गाए जाने वाले भजन भारतीय लोक-भक्ति परंपरा की आत्मा हैं। जब ढोलक की ताल पर भजन गूंजते हैं, तो माहौल अपने आप भक्तिमय हो जाता है। ये भजन साधारण शब्दों में गहरी आध्यात्मिक बात कह जाते हैं और सीधे दिल को छू लेते हैं।
इस पोस्ट में शामिल सभी ढोलक भजन — जैसे बजती है ढोलक बजाने वाला चाहिए, मेरी नैया में लक्ष्मण राम, कैकई तूने लूट लिया, सारी दुनिया पानी में भजन करो जिंदगानी में और मेरे बन जाए बिगड़े काम गजानन — अलग-अलग देवी-देवताओं और रामकथा से जुड़े हुए हैं, लेकिन इन सबका भाव एक ही है: भक्ति, चेतना और जीवन की सच्चाई।
ये भजन खास तौर पर सत्संग, जागरण, कीर्तन, भजन संध्या और ग्रामीण आयोजनों में ढोलक के साथ गाए जाते हैं, जहाँ हर व्यक्ति ताल से ताल मिलाकर भक्ति में डूब जाता है।

4. सारी दुनिया पानी में भजन करो जिंदगानी में लिरिक्स
5. मेरे बन जाए बिगड़े काम गजानन तेरे आने से लिरिक्स

ढोलक पर गाने वाले भजन लिरिक्स ( ढोलक भजन लिरिक्स )
1. बजती है ढोलक बजाने वाला चाहिए लिरिक्स
3. कैकेयी तूने लूट लिया दशरथ के खजाने को लिरिक्सबजती है ढोलक बजाने वाला चाहिए,
आती है मईया बुलाने वाला चाहिए,
बजती है ढोलक बजाने वाला चाहिए ॥
बच्चो से मईया कभी रूठ भी जाये तू,
मानती है मईया मनाने वाला चाहिए,
आती है मईया बुलाने वाला चाहिए,
बजती है ढोलक बजाने वाला चाहिए ॥
सारे बोलो जय माता दी,
करो सहाई जय माता दी,
श्री बाण गंगा जय माता दी,
पानी ठंडा जय माता दी,
गोते लालो जय माता दी,
मल मल नहालो जय माता दी,
जयकारे लालो जय माता दी,
सारे बोलो जय माता दी,
आती है मईया बुलाने वाला चाहिए,
बजती है ढोलक बजाने वाला चाहिए ॥
रुखा सुखा जैसा भी भोग जो लगाएगा,
खाती है मईया खिलाने वाला चाहिए,
आती है मईया बुलाने वाला चाहिए,
बजती है ढोलक बजाने वाला चाहिए ॥
माँ चरण पादुका जय माता दी,
तुम सिर को झुकाओ जय माता दी,
जय दर्शन देगी जय माता दी,
फिर कटे चौरासी जय माता दी,
बेटी भी बोले जय माता दी,
बेटा भी बोले जय माता दी,
बहु भी बोले जय माता दी,
सासु भी बोले जय माता दी,
आती है मईया बुलाने वाला चाहिए,
बजती है ढोलक बजाने वाला चाहिए ॥
मईया जी को लाल चुनर चोला बड़ा प्यार है,
सजती है मईया सजाने वाला चाहिए,
आती है मईया बुलाने वाला चाहिए,
बजती है ढोलक बजाने वाला चाहिए ॥
माँ तुम्हे बुलाये जय माता दी,
माँ किरपा बरसाए जय माता दी,
माँ भाग सवारे जय माता दी,
माँ पार उतरे जय माता दी,
माँ ज्वाला देवी जय माता दी,
माँ माँ चिंतापूर्ण जय माता दी,
माँ नैना देवी जय माता दी,
माँ कालका रानी जय माता दी,
आती है मईया बुलाने वाला चाहिए ॥
मईया के हरदम भरे ही भंडारे है,
भरती है झोलीया फ़ैलाने वाला चाहिए,
आती है मईया बुलाने वाला चाहिए,
बजती है ढोलक बजाने वाला चाहिए ॥
सारे बोलो जय माता दी,
करो सहाई जय माता दी,
श्री बाण गंगा जय माता दी,
पानी ठंडा जय माता दी,
गोते लालो जय माता दी,
मल मल नहालो जय माता दी,
जयकारे लालो जय माता दी,
सारे बोलो जय माता दी,
आती है मईया बुलाने वाला चाहिए,
बजती है ढोलक बजाने वाला चाहिए ॥
2. मेरी नैया में लक्ष्मण राम गंगा मैया धीरे बहो लिरिक्स
मेरी नैया में लक्ष्मण राम,
ओ गंगा मैयाँ धीरे बहो,
गंगा मैयाँ हो गंगा मैयाँ,
मेरी नैया मे चारों धाम,
ओ गंगा मैयाँ धीरे बहो,
गंगा मैयाँ हो गंगा मैयाँ ॥
उछल उछल मत मारो हिचकोले,
देख हिचकोले,
मेरा मनवा डोले,
मेरी नैया में चारों धाम, गंगा मैयाँ धीरे बहो,
मेरी नैया मे लक्ष्मण राम गंगा मैयाँ धीरे बहो ॥
गंगा मैयाँ हो गंगा मैयाँ ॥
टूटी फूटी काठ की नैया,
तूम बिन मैयाँ कौन खिवैया,
मेरी नैया है बीच मझधार, ओ गंगा मैयाँ धीरे बहो
मेरी नैया मे लक्ष्मण राम गंगा मैयाँ धीरे बहो ॥
गंगा मैयाँ हो गंगा मैयाँ ॥
दीन दुखी के यह रखवाले,
दुष्टो को भी यह तराने वाले,
अब आए है मेरे धाम, ओ गंगा मैयाँ धीरे बहो,
मेरी नैया में लक्ष्मण राम गंगा मैयाँ धीरे बहो ॥
गंगा मैयाँ हो गंगा मैयाँ ॥
मेरी नैया मे लक्ष्मण राम
ओ गंगा मैयाँ धीरे बहो
गंगा मैयाँ हो गंगा मैयाँ,
मेरी नैया में चारों धाम,
ओ गंगा मैयाँ धीरे बहो
गंगा मैयाँ हो गंगा मैयाँ ॥
कैकई तूने लुट लिया,
दशरथ के खजाने को,
तू तरस जाएगी रानी,
तू तरस जाएगी रानी,
मांग अपनी सजाने को,
कैकई तुने लुट लिया,
दशरथ के खजाने को ॥
भाल तरसेगा बिंदिया को,
आँख तरसेगी कजरे को,
हाथ तरसेंगे कंगन को,
बाल तरसेंगे गजरे को,
तू तरस जाएगी रानी,
तू तरस जाएगी रानी,
सबसे मिलने मिलाने को.
कैकई तुने लुट लिया,
दशरथ के खजाने को ॥
मार पाई ना तू मन को,
तूने जाना है धन जन को,
रघुकुल के जीवन को,
राम भेजे है वन को,
तूने रस्ता चुना रानी,
तूने रस्ता चुना रानी,
सीधे नरक में जाने को,
कैकई तुने लुट लिया,
दशरथ के खजाने को ॥
राम प्राणों से प्यारे मेरे,
नैनो के है तारे मेरे,
तूने वर माँगा था मुझसे,
ये उम्मीद ना थी तुझसे,
रानी वन में ना तुम भेजो,
रानी वन में ना तुम भेजो,
रघुकुल के घराने को.
कैकई तुने लुट लिया,
दशरथ के खजाने को ॥
कैकई तूने लुट लिया,
दशरथ के खजाने को,
तू तरस जाएगी रानी,
तू तरस जाएगी रानी,
मांग अपनी सजाने को,
कैकई तुने लुट लिया,
दशरथ के खजाने को ॥
सारी दुनिया पानी में,
भजन करो जिंदगानी में,
सारी दुनिया पानी में,
भजन करो जिंदगानी में,
राम लखन दशरथ के बेटा,
वन भेजे महतारी में,
भजन करो जिंदगानी में ॥
श्री राम जी नाव में बैठे,
नांव छोड़ दई पानी में,
भजन करो जिंदगानी में,
सारी दुनिया पानी में,
भजन करो जिंदगानी में ॥
पंचवटी पै सिया चुराई,
सिया पहुंच गई पानी में,
भजन करो जिंदगानी में,
सारी दुनिया पानी में,
भजन करो जिंदगानी में ॥
सीता जी की सुध लेने को,
हनुमत पहुंचे पानी में,
भजन करो जिंदगानी में,
सारी दुनिया पानी में,
भजन करो जिंदगानी में ॥
हनुमान ने लंका जलाई,
पूछ बुझा दई पानी में,
भजन करो जिंदगानी में,
सारी दुनिया पानी में,
भजन करो जिंदगानी में ॥
हनुमान ने करी लड़ाई,
आया पसीना पानी में,
भजन करो जिंदगानी में,
सारी दुनिया पानी में,
भजन करो जिंदगानी में ॥
एक बूंद गिरी,
मछली के मुख में,
गर्भ ठहर गये पानी में,
भजन करो जिंदगानी में,
सारी दुनिया पानी में,
भजन करो जिंदगानी में ॥
श्रीराम ने करी है पूजा,
पुल बंध वाय दिए पानी में,
भजन करो जिंदगानी में,
सारी दुनिया पानी में,
भजन करो जिंदगानी में ॥
राम नाम पत्थर लिखवाये,
पत्थर तेरा ही पानी में,
भजन करो जिंदगानी में,
सारी दुनिया पानी में,
भजन करो जिंदगानी में ॥
लक्ष्मण जी के शक्ति लगी थी,
हनुमत नहाए पानी में,
भजन करो जिंदगानी में,
सारी दुनिया पानी में,
भजन करो जिंदगानी में ॥
सारी दुनिया पानी में,
भजन करो जिंदगानी में,
सारी दुनिया पानी में,
भजन करो जिंदगानी में ॥
5. मेरे बन जाए बिगड़े काम गजानन तेरे आने से लिरिक्स
मेरे बन जाएं बिगड़े काम,
गजानन तेरे आने से,
आने से तेरे आने से,
मेरे बन जाएं बिगड़े काम,
गजानन तेरे आने से ॥
मेरी बगिया देवा सूनी पड़ी हैं,
मेरी बगिया ने खिल जाएं फूल,
गजानन तेरे आने से,
मेरे बन जाएं बिगड़े काम,
गजानन तेरे आने से ॥
मेरी गलियां देवा सूनी पड़ी हैं,
मेरी गलियों में मच जाए धूम,
गजानन तेरे आने से,
मेरे बन जाएं बिगड़े काम,
गजानन तेरे आने से ॥
मेरा अंगना देवा सूना पड़ा है,
मेरे अंगना में आए बहार,
गजानन तेरे आने से,
मेरे बन जाएं बिगड़े काम,
गजानन तेरे आने से ॥
मेरा मंदिर देवा सूना पड़ा है,
मेरे मंदिर में जल जाए ज्योत,
गजानन तेरे आने से,
मेरे बन जाएं बिगड़े काम,
गजानन तेरे आने से ॥
भावार्थ (सभी ढोलक भजनों का सार)
इन सभी ढोलक भजनों का मूल संदेश यही है कि जीवन क्षणभंगुर है और ईश्वर का स्मरण ही इसका सच्चा सहारा है। कहीं माँ दुर्गा को बुलाने का भाव है, कहीं गंगा मैया से जीवन नैया पार लगाने की प्रार्थना, कहीं कैकई के माध्यम से मोह और गलत निर्णय का परिणाम दिखाया गया है, तो कहीं राम नाम और भजन की महिमा समझाई गई है।
गणेश भजन यह सिखाता है कि जब विघ्नहर्ता जीवन में आते हैं, तो सूनी बगिया भी खिल उठती है। राम भजनों में यह भाव मिलता है कि प्रभु के बिना जीवन की नैया डगमगाती रहती है। माता के भजनों में वात्सल्य और करुणा है, तो वैराग्य भजन जीवन की सच्चाई से रूबरू कराते हैं।
इन भजनों के माध्यम से भक्त यह सीखता है कि
भक्ति दिखावे से नहीं, भाव से होती है,
राम नाम ही अंतिम सहारा है,
और सच्चा सुख ईश्वर की शरण में ही मिलता है।
FAQ – ढोलक पर गाने वाले भजन लिरिक्स
1. ढोलक भजन क्या होते हैं?
ढोलक भजन वे भक्ति गीत होते हैं जो ढोलक की ताल पर गाए जाते हैं और जिनमें लोक-भाषा में गहरी आध्यात्मिक सीख होती है।
2. ये ढोलक भजन कब गाए जाते हैं?
ये भजन सत्संग, जागरण, नवरात्रि, रामकथा, गणेश पूजा, भजन संध्या और ग्रामीण आयोजनों में गाए जाते हैं।
3. ढोलक भजनों की खासियत क्या है?
ढोलक भजन सरल शब्दों में जीवन की सच्चाई बताते हैं और सुनने वाले को तुरंत भक्ति से जोड़ देते हैं।
4. क्या ये भजन घर में भी गाए जा सकते हैं?
हाँ, ये भजन पूरी तरह पारिवारिक हैं और घर की भजन संध्या या पूजा में भी गाए जा सकते हैं।
5. ढोलक भजन सुनने या गाने से क्या लाभ होता है?
इन भजनों से मन शांत होता है, भक्ति बढ़ती है, नकारात्मकता दूर होती है और ईश्वर पर विश्वास मजबूत होता है।
निष्कर्ष
ढोलक पर गाए जाने वाले भजन केवल संगीत नहीं होते, बल्कि लोक-भक्ति की जीवंत अभिव्यक्ति होते हैं। इन भजनों में कहीं माँ को पुकारने की करुणा है, कहीं राम नाम का सहारा, कहीं जीवन की सच्चाई का बोध तो कहीं विघ्नहर्ता गणेश से मंगल कामना। ढोलक की सरल ताल और भजनों के सीधे शब्द मन को सहज ही ईश्वर से जोड़ देते हैं।
ये भजन हमें यह सिखाते हैं कि भक्ति दिखावे से नहीं, बल्कि सच्चे भाव और विश्वास से होती है। जब ढोलक की थाप के साथ नाम-स्मरण होता है, तो वातावरण भक्तिमय बन जाता है और मन को शांति, संतोष और सकारात्मक ऊर्जा प्राप्त होती है। यही कारण है कि ढोलक भजन आज भी सत्संग, जागरण और भजन संध्या की आत्मा बने हुए हैं।
आपका पोस्ट अच्छा है, सबसे बेहतर, अच्छा जो मैंने पढ़ा है और इसका आनंद लिया।
ReplyDeleteBest Krishna Bhajan Lyrics