खाटू में हुआ रे धमाल भजन लिरिक्स | Khatu Main Hua Re Dhamaal Bhajan Lyrics

खाटू में हुआ रे धमाल एक अत्यंत लोकप्रिय श्याम भजन है, जो खाटू श्याम जी की महिमा, भक्ति और उत्सव के आनंद को दर्शाता है। इस भजन में खाटू नगरी के दिव्य वातावरण, श्याम बाबा के दरबार की रौनक और भक्तों की अटूट श्रद्धा का सुंदर चित्रण मिलता है।

फाल्गुन मेले और श्याम संकीर्तन में यह भजन विशेष रूप से गाया जाता है, जहाँ श्याम नाम की धूम और भक्ति का उल्लास चारों ओर फैल जाता है।

यह भजन सुनने और गाने से मन में श्रद्धा, उत्साह और भक्ति-रस का संचार होता है। श्याम प्रेमियों के लिए यह केवल एक भजन नहीं, बल्कि भावनाओं की अभिव्यक्ति है, जो सीधे बाबा के चरणों तक ले जाती है।
यदि आप श्याम भक्ति में रुचि रखते हैं और खाटू धाम की अनुभूति को शब्दों में महसूस करना चाहते हैं, तो यह भजन आपके लिए अवश्य ही विशेष है।


Khatu Main Hua Re Dhamaal Bhajan Lyrics

खाटू में हुआ रे धमाल भजन लिरिक्स


आज खाटू में हुआ रे धमाल होता है हर साल सांवरियां होली में,
पीले पटके को कर देंगे लाल मले गे रे गुलाल सांवरियां होली में ॥

देख संवारा फागण में हम होली खेलन आये,
देश विदेश से भकत तेरे भर भर पिचकारी लाये,
नीला पीला सतरंग मन को भाये,
इतर केवड़ा मल के न्यारा इस में श्याम मिलाये,
आज बच न सको गे गोपाल आये है ग्वाल बाल,
आज खाटू में हुआ रे धमाल होता है हर साल सांवरियां होली में ॥

मिरदंग भाजे ढोलक छैना श्याम सखी रिजाये,
अरे टोली के संग गये सखी मुझे श्याम पिया मन भाये,
दूर दूर से आये यात्री श्याम के दर्शन पाये,
मंदिरये में बैठ संवारा मंद मंद मुस्काये,
आज खाटू में हुआ रे धमाल होता है हर साल सांवरियां होली में,
बाजी रे बाजी खड़ताल नाचे दे दे ताल सवारियां होली में,
आज खाटू में हुआ रे धमाल होता है हर साल सांवरियां होली में ॥

फगनिये में श्याम धनि खाटू में रंग बरसावे,
मोटा मोटा सेठ सखी झोली भर ले ले जावे ,
रंग रंगीलो बाबो महारो एसो रंग लगावे,
छूटे न ये रंग संवारा भव सु पार लगावे,
अरे गिर्री भी हुआ खुशाला हुआ है लाल लाल सांवरियां होली में,
आज खाटू में हुआ रे धमाल होता है हर साल सांवरियां होली में ॥


FAQ – अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न


1. “खाटू में हुआ रे धमाल” भजन किस देवता से संबंधित है?

यह भजन खाटू श्याम जी (भगवान श्रीकृष्ण के कलियुग अवतार) से संबंधित है।

2. क्या यह भजन खाटू मेले में गाया जाता है?

हाँ, यह भजन फाल्गुन मेला, श्याम संकीर्तन और भक्ति आयोजनों में बहुत लोकप्रिय है।

3. इस भजन की खास बात क्या है?

इस भजन की खासियत है:
खाटू धाम का उत्सवमय वातावरण
श्याम बाबा की कृपा और चमत्कार
सरल शब्दों में गहरी भक्ति भावना

4. यह भजन किस समय सुनना या गाना शुभ माना जाता है?

श्याम भजन विशेष रूप से:
एकादशी
फाल्गुन माह
श्याम संध्या / संकीर्तन के समय गाना-सुनना अत्यंत शुभ माना जाता है।
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